Search Here For The Blogs

Tuesday, August 6, 2024

How to fill ITR-2 ? | What is ITR-2 ? ITR-2 किसे कहते है ? | ITR-2 कैसे Fill करते है ?

  ITR-2 किसे कहते है ? | ITR-2 कैसे Fill करते है ?


ITR-2 क्या है?

ITR-2 (Income Tax Return - 2) एक प्रकार का आयकर रिटर्न फॉर्म है जिसका उपयोग उन व्यक्तियों द्वारा किया जाता है जिनकी आय:

  1. वेतन या पेंशन: वेतन, पेंशन या अन्य वेतन संबंधी आय से होती है।
  2. किराए की आय: एक या एक से अधिक हाउस प्रॉपर्टीज़ से किराया प्राप्त होता है।
  3. पूंजी लाभ: शेयरों, म्यूचुअल फंड्स या अन्य निवेशों के बिक्री से पूंजी लाभ होता है।
  4. अन्य स्रोतों से आय: ब्याज, डिविडेंड, या अन्य स्रोतों से प्राप्त आय होती है।

ITR-2 का उपयोग उन लोगों के लिए होता है जो निम्नलिखित श्रेणियों में आते हैं:

  • पेशेवर या व्यवसायी नहीं हैं: जो पेशेवर या व्यापारिक आय प्राप्त नहीं करते।
  • निवेश या पूंजी लाभ: जिनकी आय पूंजी लाभ, निवेश आय, या हाउस प्रॉपर्टी से हो।
  • किसी भी व्यवसाय या पेशे से संबंधित नहीं: जैसे कि व्यक्तिगत वेतन, पेंशन या किराए की आय।

ITR-2 भरते समय निम्नलिखित प्रकार की आय को दर्शाना आवश्यक होता है:

  1. वेतन और पेंशन की आय:

    • आपकी नौकरी या पेंशन से प्राप्त आय।
    • वेतन, बोनस, भत्ते, और अन्य लाभ।
  2. किराए की आय:

    • एक या अधिक हाउस प्रॉपर्टीज़ से प्राप्त किराया।
    • हाउस प्रॉपर्टी की विशेषता, जैसे कि उसके विवरण और कुल किराया प्राप्ति।
  3. पूंजी लाभ:

    • लंबी अवधि के पूंजी लाभ (LTCG): यदि आपने लंबी अवधि के लिए निवेश किए हुए शेयर, म्यूचुअल फंड्स, संपत्तियाँ आदि बेची हैं।
    • छोटी अवधि के पूंजी लाभ (STCG): यदि आपने छोटी अवधि के लिए निवेश किए हुए शेयर, म्यूचुअल फंड्स, संपत्तियाँ आदि बेची हैं।
  4. अन्य स्रोतों से आय:

    • ब्याज की आय: बैंकों, पोस्ट ऑफिस, या अन्य वित्तीय संस्थानों से प्राप्त ब्याज।
    • डिविडेंड की आय: कंपनियों द्वारा भुगतान किए गए डिविडेंड।
    • धरोहर और पुरस्कार: किसी प्रकार के पुरस्कार या धरोहर से प्राप्त आय।
    • विदेशी आय: विदेशी स्रोतों से प्राप्त आय, यदि applicable हो।
  5. पेंशन और लाभ:

    • किसी प्रकार की पेंशन या लाभ जो विशेष योजनाओं के अंतर्गत आता है।

ITR-2 फॉर्म में निम्नलिखित जानकारियाँ भरनी होती हैं:

  1. व्यक्तिगत जानकारी:

    • नाम: आपका पूरा नाम
    • पैन नंबर: व्यक्तिगत आयकर पहचान संख्या
    • पता: स्थायी और वर्तमान पता
    • जन्म तिथि: आपकी जन्म तिथि
    • आयु: आपकी उम्र
  2. आय के स्रोत:

    • वेतन: आपके वेतन, पेंशन, या अन्य वेतन संबंधी आय की जानकारी
    • हाउस प्रॉपर्टी से आय: एक या अधिक हाउस प्रॉपर्टीज़ से प्राप्त किराए की जानकारी
    • पूंजी लाभ: छोटी अवधि और लंबी अवधि के पूंजी लाभ की जानकारी, जिनमें शेयर, म्यूचुअल फंड्स, या संपत्तियाँ शामिल हो सकती हैं
    • अन्य स्रोतों से आय: ब्याज, डिविडेंड, पुरस्कार, या अन्य स्रोतों से प्राप्त आय की जानकारी
  3. कर योग्य आय की गणना:

    • आय की कुल गणना: सभी स्रोतों से प्राप्त कुल आय की गणना
    • कर योग्य आय: विभिन्न छूट और कटौतियों के बाद कर योग्य आय की गणना
  4. कर की गणना और भुगतान:

    • आयकर की गणना: आपकी कर योग्य आय पर लागू कर की गणना
    • प्रस्तावित कर: पूर्व में किए गए कर भुगतान और कर के बकाया की जानकारी
  5. छूट और कटौतियाँ:

    • धारा 80C: जीवन बीमा प्रीमियम, पीपीएफ, एनएससी, आदि के लिए छूट
    • धारा 80D: स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम के लिए छूट
    • धारा 24(b): हाउस लोन के ब्याज पर छूट
    • अन्य छूट: अन्य किसी भी छूट की जानकारी जो आप योग्य हो सकते हैं
  6. अन्य विवरण:

    • बैंक खाता विवरण: बैंक खाता नंबर, IFSC कोड, और बैंक का नाम (वापस किए गए कर रिफंड के लिए)
    • विदेशी आय: यदि कोई विदेशी आय हो तो उसकी जानकारी
    • धरोहर और पुरस्कार: धरोहर या पुरस्कार से प्राप्त आय की जानकारी
  7. आयकर रिटर्न के प्रकार:

    • ITR-2 के प्रकार का चयन: जैसे कि मूल रिटर्न, संशोधित रिटर्न, या फिर कोई अन्य प्रकार
  8. स्वीकृति और सिग्नेचर:

    • पद की स्थिति: आपका और आपकी स्थिति का विवरण
    • हस्ताक्षर: रिटर्न को अंतिम रूप देने के लिए हस्ताक्षर

हाँ, ITR-2 में हाउस प्रॉपर्टी की आय रिपोर्ट करनी होती है। यदि आपके पास एक या एक से अधिक हाउस प्रॉपर्टीज़ हैं और आपको उन प्रॉपर्टीज़ से किराया प्राप्त होता है, तो आपको इसे ITR-2 फॉर्म में दर्शाना होता है।

ITR-2 में हाउस प्रॉपर्टी की आय रिपोर्ट करने के लिए निम्नलिखित जानकारी आवश्यक होती है:

  1. प्रॉपर्टी का विवरण:

    • प्रॉपर्टी का पता: हाउस प्रॉपर्टी का पूरा पता।
    • प्रॉपर्टी का प्रकार: जैसे कि आवासीय, वाणिज्यिक, या अन्य।
  2. किराए की आय:

    • सालाना किराया: हर हाउस प्रॉपर्टी से प्राप्त कुल सालाना किराया।
    • किराया प्राप्ति का विवरण: यदि आपको किसी प्रॉपर्टी से किराया मिलता है, तो उसकी पूरी जानकारी दें।
  3. प्रॉपर्टी से संबंधित खर्चे:

    • धरोहर कर: यदि लागू हो तो भुगतान किए गए धरोहर कर की जानकारी।
    • मूलधन और ब्याज पर छूट: हाउस लोन पर ब्याज की छूट का विवरण।
  4. धारा 24(b) के तहत छूट:

    • ब्याज छूट: हाउस लोन पर ब्याज के लिए छूट जो आप आयकर अधिनियम की धारा 24(b) के तहत दावा कर सकते हैं।
  5. प्रॉपर्टी के मूल्य में बदलाव:

    • सुधार और मरम्मत: यदि आपने प्रॉपर्टी में सुधार या मरम्मत की है तो उसका विवरण।
  6. उपलब्ध और अतिरेक प्रॉपर्टी की जानकारी:

    • स्वामित्व में प्रॉपर्टी की सूची: कौन-कौन सी प्रॉपर्टीज़ स्वामित्व में हैं और उनकी स्थिति।

ITR-2 में हाउस प्रॉपर्टी की आय कैसे रिपोर्ट करें:

  1. प्रॉपर्टी की कुल आय और खर्चों की गणना करें।
  2. वेतन और आय के स्रोतों के साथ मिलाकर कुल आय की गणना करें।
  3. ITR-2 फॉर्म में हाउस प्रॉपर्टी के खंड में आवश्यक जानकारी भरें।
आईटीआर-2 दाखिल करने की अंतिम तिथि क्या है?

व्यक्तिगत आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि आमतौर पर 31 जुलाई होती है, लेकिन यह समय-समय पर बदल सकती है या विभिन्न परिस्थितियों के आधार पर विस्तारित हो सकती है।
अगर कोई गलती हो जाती है तो क्या करना चाहिए?

यदि ITR-2 में कोई गलती हो जाती है, तो आप संशोधित रिटर्न (ITR-V) दाखिल कर सकते हैं।ITR-2 ऑनलाइन कैसे भरें?

ITR-2 को आप ई-फाइलिंग पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन भर सकते हैं। इसके लिए आपको आयकर विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा और आवश्यक विवरण भरकर रिटर्न सबमिट करना होगा।

अगर ITR-2 दाखिल करने में कठिनाई हो रही है, तो क्या करें?

यदि आपको ITR-2 भरने में कठिनाई हो रही है, तो आप पेशेवर कर सलाहकार से मदद ले सकते हैं या आयकर विभाग की हेल्पलाइन पर संपर्क कर सकते हैं।


No comments:

Post a Comment